Last Updated:May 08, 2025, 15:19 ISTबिलासपुर में मुआवजा योजना का दुरुपयोग करने की साजिश का पर्दाफाश हुआ है. मृतक के परिजनों ने वकील और डॉक्टर के साथ मिलकर आत्महत्या को ‘सांप काटने’ की घटना में बदलने की कोशिश की.X
सांप काटने की बनाई झूठी कहानी, मुआवजा के लिए रची थी साजिश; फिर आया नया मोड़हाइलाइट्समुआवजा योजना का दुरुपयोग करने की साजिश का पर्दाफाश हुआ.परिजनों ने वकील और डॉक्टर के साथ मिलकर आत्महत्या को ‘सांप काटने’ की घटना बताया.पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया.बिलासपुर:- छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में शासन की मुआवजा योजना का दुरुपयोग करने की एक चौंकाने वाली साजिश का पर्दाफाश हुआ है. मृतक के परिजनों ने एक वकील और डॉक्टर के साथ मिलकर एक व्यक्ति की आत्महत्या को ‘सांप काटने’ की घटना में बदलने की कोशिश की, ताकि सरकार से 3 लाख रुपए का मुआवजा हासिल किया जा सके. पुलिस की सतर्कता और गहराई से की गई जांच ने इस फर्जीवाड़े को उजागर कर दिया है. यह मामला इस बात का प्रमाण है कि कानून की नजरें कभी भी धोखेबाजों को माफ नहीं करतीं.
12 नवंबर को बिगड़ी तबीयत, 14 को हुई मौतबिल्हा थाना क्षेत्र के निवासी शिवकुमार घृतलहरे की तबीयत 12 नवंबर 2023 को बिगड़ गई थी. परिजन पहले उसे बिल्हा अस्पताल और फिर सिम्स, बिलासपुर ले गए, जहां 14 नवंबर को इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई. परिजनों ने दावा किया कि शिवकुमार की मौत सांप काटने से हुई है.
शिवकुमार की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी सांप काटने का कारण बताया गया. लेकिन वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह (भा.पु.से.) के निर्देशन में शुरू हुई जांच ने इस दावे पर सवाल खड़े कर दिए. पुलिस को शव पर किसी भी प्रकार के सांप काटने के निशान नहीं मिले.
डॉक्टर ने बनाया झूठा मेडिकल रिपोर्ट जांच में सामने आया कि सिम्स के डॉक्टरों ने शिवकुमार की मौत का कारण जहर और शराब का अत्यधिक सेवन बताया था. इसके बावजूद डॉ. प्रियंका सोनी ने सांप काटने के झूठे निशान और रिपोर्ट तैयार की. परिजनों ने इस षड्यंत्र को अंजाम वकील कामता साहू के कहने पर दिया. वकील ने मुआवज़ा दिलवाने का लालच देकर परिजनों को झूठ बोलने के लिए प्रेरित किया और सरकारी रिकॉर्ड में गलत जानकारी दर्ज करवाई.
मृतक ने की थी आत्महत्या, कर्ज और तनाव बना कारणपुलिस जांच में यह भी स्पष्ट हुआ कि शिवकुमार कर्ज में डूबा हुआ था और मानसिक तनाव में जी रहा था. इसी वजह से उसने आत्महत्या कर ली थी. यह स्वाभाविक मृत्यु नहीं, बल्कि एक दु:खद आत्मघाती कदम था. थाना बिल्हा में अपराध क परागदास (पिता), नीता (पत्नी), हेमंत (भाई), वकील कामता साहू और डॉक्टर प्रियंका सोनी के खिलाफ धोखाधड़ी, षड्यंत्र और कई धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है. सभी को गिरफ्तार कर लिया गया है.
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने दी चेतावनीएसएसपी रजनेश सिंह ने स्पष्ट किया कि शासन को आर्थिक नुकसान पहुंचाने और योजनाओं का दुरुपयोग करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने कहा कि ऐसे तत्वों पर नजर रखी जा रही है और आगे की जांच जारी है.
Location :Bilaspur,Chhattisgarhhomechhattisgarhअजब गजब: सांप काटने की बनाई झूठी कहानी, मुआवजा के लिए रची साजिश, फिर क्या हुआ?
Source link