Last Updated:May 08, 2025, 10:46 ISTRohit Sharma के लिए ऑस्ट्रेलिया दौरा ताबूत की आखिरी कील साबित हुआ. वैसे ये कोई पहला मौका नहीं है जब ऑस्ट्रेलिया दौरे के बाद किसी भारतीय क्रिकेटर की फॉर्म इतनी खराब हुई कि संन्यास की नौबत आ गई.ऑस्ट्रेलिया दौरे के बाद रोहित शर्मा का संन्यासनई दिल्ली: ऑस्ट्रेलिया दौरे पर फ्लॉप रहने के बाद संन्यास लेने वालों में एक नाम और जुड़ चुका है. रोहित शर्मा को कंगारुओं का वही कड़वा घूंट पीना पड़ा, जिसका स्वाद राहुल द्रविड़ और वीवीएस लक्ष्मण सरीखे दिग्गज पहले ही चख चुके हैं.
AUS दौरा खा जाता है करियरराहुल द्रविड़ और वीवीएस लक्ष्मण ने 2012 की ऑस्ट्रेलिया सीरीज में अपनी चमक खोई और कुछ समय बाद ही संन्यास ले लिया. महान सचिन तेंदुलकर के लिए भी ये सीरीज अच्छी नहीं रही, उनकी चमक कुछ कम हुई और नौबत यहां तक आ गई कि मास्टर-ब्लास्टर से संन्यास की डिमांड होने लगी. अब रोहित शर्मा की बारी थी. जिनके लिए इस साल की शुरुआत में ऑस्ट्रेलिया दौरा किसी बुरे सपने से कम नहीं था.
अपने सीनियर्स जैसी कामयाबी नहीं मिलीराहुल द्रविड़, वीवीएस लक्ष्मण, सचिन तेंदुलकर की तरह रोहित का टेस्ट करियर कभी भी उस ऊंचाई तक नहीं पहुंच पाया. रोहित शर्मा की टेस्ट करियर की शुरुआत भी खराब थी और अंत उससे भी ज्यादा बदतर. ऑस्ट्रेलिया में रोहित 2024-25 सीजन के दौरान आठ मैच में सिर्फ 164 रन ही बना पाए.
भारी दबाव में थे रोहित शर्मा, इज्जत बचाने के लिए लिया संन्यास, अचानक रिटायरमेंट की इनसाइड स्टोरी
कैसा रहा रोहित का टेस्ट करियर?यह एक रहस्य की बात लग सकती है कि टेस्ट बल्लेबाज रोहित कभी भी अपने करियर में निरंतर नहीं रह पाए. ऐसा नहीं है कि उनके पास टैलेंट नहीं था. रोहित ने 67 टेस्ट में 12 शतक और 18 अर्धशतक की मदद से 40.57 की औसत से 4301 रन बनाए हैं.